कांटे की टक्कर में तीसरी बार चुने गए जमैका के PM होलनेस, मुख्य विपक्षी उम्मीदवार ने हार मानी

जमैका के प्रधानमंत्री एंड्रयू होलनेस ने संसदीय चुनाव में एक कड़े मुकाबले में गुरुवार को तीसरी बार जीत हासिल की। यह चुनाव ऐसे समय में हुआ, जब देश भ्रष्टाचार, असमानता और आर्थिक समस्याओं से जूझ रहा है। शुरुआती नतीजों के मुताबिक, होलनेस की जमैका लेबर पार्टी ने 34 सीटों पर जीत हासिल की, जबकि विपक्षी नेता मार्क गोल्डिंग की पीपुल्स नेशनल पार्टी को 29 सीटों पर जीत हासिल हुई। गोल्डिन एक संक्षिप्त भाषण में अपनी हार स्वीकार की और कहा कि उन्हें नतीजों से निराशा हुई है, लेकिन उन्होंने अपने प्रतिद्वंद्वी की जीत को स्वीकार किया और उसे उनकी सफलता माना।
आम चुनाव में केवल 38.8 फीसदी रहा मतदान
जमैका में बुधवार को आम चुनाव हुए, जिनमें जमैका प्रोग्रेसिव पार्टी, यूनाइटेड इंडिपेंडेंट्स कांग्रेस और नौ निर्दलीय उम्मदीवारों ने भी हिस्सा लिया। इन उम्मीदवारों ने अलग-अलग क्षेत्रों से चुनाव लड़ा। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, मतदान प्रतिशत केवल 38.8% रहा, जो 2020 में महामारी के दौरान हुए चुनाव के मुकाबले थोड़ा ही ज्यादा है।
वोट डालने के पात्र हैं कुल 20 लाख पंजीकृत मतदाता
जमैका की कुल आबादी 28 लाख है, जिसमें से केवल 20 लाख पंजीकृत मतदाता वोट डालने के पात्र हैं। जमैका की संसद के निचले सदन यानी प्रतिनिधि सभा की कुल 63 सीटों पर चुनाव हुआ। जिस पार्टी को बहुमत मिलता है, उसका नेता देश का अगला प्रधानमंत्री बनता है। इसके बाद नया प्रधानमंत्री संसद के ऊपरी सदन यानी सीनेट में 21 में से 13 सदस्यों को नियुक्त करता है, जबकि विपक्ष आठ सदस्यों का चयन करता है।

